मोहला मानपुर अंबागढ़ चौकी : जिला पुलिस द्वारा चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान और पुनर्वास नीति के सकारात्मक परिणाम लगातार सामने आ रहे हैं। इसी कड़ी में आज जिला मुख्यालय स्थित वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान पुलिस प्रशासन द्वारा एक सराहनीय कदम उठाया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री वाय.पी. सिंह (भा.पु.से.) ने पूर्व में आत्मसमर्पण करने वाली एक लाख रुपये की इनामी महिला नक्सली टेटकी उर्फ उर्मिला गावड़े को शासन की पुनर्वास नीति के तहत 50,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि का चेक प्रदान किया। इस मदद का मुख्य उद्देश्य आत्मसमर्पित महिला को समाज की मुख्यधारा में सम्मानजनक तरीके से स्थापित होने और आत्मनिर्भर बनने में मदद करना है।

नक्सली संगठन में सक्रिय रहकर हिंसा का रास्ता अपनाने वाली रावघाट एल.ओ.एस. की सदस्या टेटकी उर्फ उर्मिला गावड़े का संगठन के खोखले विचारों से मोहभंग हो चुका था। संगठन के भीतर लगातार हो रही उपेक्षा, आंतरिक मतभेदों और निर्दोष ग्रामीणों व आदिवासियों पर ढाए जा रहे अत्याचारों से तंग आकर उसने आत्मसमर्पण का फैसला किया था। उर्मिला को मुख्यधारा में वापस लाने में जिला पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष “ऑपरेशन प्रयास” और जनसंपर्क अभियान की बहुत बड़ी भूमिका रही, जिससे प्रभावित होकर उसने आखिरकार बंदूक छोड़ शांति का मार्ग चुना।

इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री वाय.पी. सिंह ने कहा कि शासन की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति का वास्तविक ध्येय ही भटके हुए लोगों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है। उन्होंने उर्मिला के उज्ज्वल और सुरक्षित भविष्य की कामना करते हुए आश्वस्त किया कि शासन के नियमों के तहत मिलने वाली अन्य सभी जरूरी सुविधाएं और पुनर्वास लाभ भी उसे जल्द ही उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि वह समाज में सिर उठाकर अपना नया जीवन शुरू कर सके।















